बुर्का न पहनने के विवाद में सनकी पति ने की पत्नी और दो मासूम बेटियों की हत्या, शव घर के आंगन में दफनाए
उत्तर प्रदेश के शामली जिले में एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहां लंबे समय से चल रहे पारिवारिक झगड़े ने तीन जिंदगियों को छीन लिया। आरोपी पति ने बुर्का न पहनने से नाराज होकर यह जघन्य अपराध किया और सबूत मिटाने के लिए शवों को घर में ही छिपा दिया।
उत्तर प्रदेश के शामली जिले के कांधला थाना क्षेत्र स्थित गढ़ी दौलत गांव में एक भयावह पारिवारिक त्रासदी ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है। यहां एक व्यक्ति ने अपनी पत्नी और दो छोटी बेटियों की हत्या कर उनके शवों को घर के आंगन में बने गड्ढे में दफना दिया। यह वारदात 9-10 दिसंबर 2025 की रात की बताई जा रही है।
आरोपी की पहचान फारुख के रूप में हुई है, जो शादी-समारोहों में खाना बनाने का काम करता था। उसकी पत्नी ताहिरा (उम्र करीब 32-35 वर्ष) मुजफ्फरनगर की रहने वाली थीं। दोनों की शादी को लगभग 18 साल हो चुके थे और उनके पांच बच्चे हैं। मृत बेटियों के नाम आफरीन (14 वर्ष) और सहरीन (लगभग 7 वर्ष) हैं।
पुलिस जांच के अनुसार, फारुख और ताहिरा के बीच लंबे समय से वैवाहिक कलह चल रही थी। मुख्य वजह ताहिरा का बिना बुर्का पहने मायके जाना था, जिसे फारुख अपनी सामाजिक प्रतिष्ठा पर आघात मानता था। उसे लगता था कि पत्नी उसमें दिलचस्पी नहीं ले रही। गुस्से में आकर उसने हत्या की साजिश रची।
वारदात की रात फारुख ने सो रही पत्नी को चाय बनाने के बहाने जगाया और लाइसेंसी बंदूक से गोली मार दी। गोली की आवाज सुनकर बड़ी बेटी आफरीन जाग गई, तो उसे भी गोली से उड़ा दिया। छोटी बेटी सहरीन को गला घोंटकर मौत के घाट उतार दिया। इसके बाद उसने पहले से शौचालय के लिए खोदे गए करीब 7-9 फीट गहरे गड्ढे में तीनों शवों को दफनाया और ऊपर से कंक्रीट का फर्श डाल दिया।
9 दिसंबर से ताहिरा और दोनों बेटियां लापता हो गई थीं। फारुख के पिता दाउद ने जब पूछा तो वह टाल-मटोल करता रहा और कहा कि वे शामली में किराए के मकान में हैं। संदेह होने पर दाउद ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने फारुख को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की, जिसके बाद उसने अपराध कबूल कर लिया।
16 दिसंबर को फारुख की निशानदेही पर पुलिस ने खुदाई कर तीनों शव बरामद कर लिए। शवों का पोस्टमॉर्टम कराया गया और मामला भारतीय न्याय संहिता की हत्या संबंधी धाराओं में दर्ज किया गया। पुलिस अधीक्षक एन.पी. सिंह ने बताया कि आरोपी ने पूरी योजना पहले से बना रखी थी।
यह घटना घरेलू हिंसा की गहराई को उजागर करती है और समाज में महिलाओं की सुरक्षा पर सवाल उठाती है। जांच अभी जारी है और आरोपी पुलिस रिमांड पर है।