तारक मेहता का उल्टा चश्मा वाले गट्टू काका यानी घनश्याम नायक को इंडस्ट्री में हाल ही में खोया था उनके बाद कल रात इंडस्ट्री ने एक और महान कलाकार को खो दिया!


रामानंद सागर के धार्मिक सीरियल रामायण मेरा रावण का किरदार निभाने वाले महान कलाकार अरविंद त्रिवेदी का कल रात हार्ड अटैक से निधन हो गया।


'रामयण' में लक्षमण का किरदार निभाने वाले एक्टर सुनील लहरी ने अरविंद त्रिवेदी के निधन पर शोक व्यक्त किया है। उन्होंने लिखा, 'बहुत दुखद समाचार है कि हमारे सबके प्यारे अरविंद त्रिवेदी 'रामायण के रावण' अब हमारे बीच नहीं रहे। भगवान उनकी आत्मा को शांति दे ... मैं अवाक हूं मैंने अपना पिता को खो दिया, मेरे मार्गदर्शक शुभचिंतक और सज्जन।'


'रामयण' में सीता का किरदार निभाने वाली एक्ट्रेस दीपिका चिखलिया ने भी अपने इंस्टाग्राम अकाउंट शोक व्यक्त किया है


बढ़ती उम्र से संबंधित तमाम बीमारियों से जूझ रहे अरविंद त्रिवेदी जी ने 82 वर्ष की आयु में अपने अंतिम सांस ली!


भतीजे कौस्तुभ ने की निधन की पुष्टि:उनके भतीजे कौस्तुभ त्रिवेदी ने अपने चाचा के निधन की पुष्टि की है। उन्होंने बताया- वह पिछले कई साल से बीमार चल रहे थे। पिछले 3 साल से उनकी तबीयत बहुत ज्यादा खराब रहने लगी थी। मंगलवार रात 9.30 बजे करीब उन्हें दिल का दौरा पड़ा था।

मई 2021 में उड़ी थी अरविंद त्रिवेदी की मृत्यु की अफवाह

इस साल मई में अरविंद त्रिवेदी की मृत्यु की अफवाह सामने आई थी जिस पर उनके भतीजे कौस्तुभ ने अफवाह बताते हुए विराम लगा दिया साथ ही लक्ष्मण का किरदार निभाने वाले सुनील लहरी ने भी इसका खंडन किया था और सोशल मीडिया पर पोस्ट शेयर की थी सुनील लहरी ने मीडिया और लोगों से निवेदन किया था कि इस प्रकार की बेमानी अफवाह ना फैलाएं!

बता दें कि अरविंद त्रिवेदी का जन्म आठ नवंबर 1938 में मध्यप्रदेश के इंदौर में हुआ था। उनका शुरुआती करियर गुजराती रंगमंच से शुरू हुआ। उनके भाई उपेंद्र त्रिवेदी गुजराती सिनेमा के चर्चित नाम रहे हैं और गुजराती फिल्मों में अभिनय कर चुके हैं। हिंदी के पॉपुलर शो रामायण से घर-घर पहचान बनाने वाले लंकेश यानी अरविंद त्रिवेदी ने लगभग 300 हिंदी और गुजराती फिल्मों में अभिनय किया था।

" अरविंद त्रिवेदी ने रामायण में भले ही रावण का किरदार निभाया हो लेकिन असल जीवन में वह भगवान राम के भक्त थे रामायण में रावण की भूमिका निभाने के बाद वह भगवान राम की पूजा में लीन हो गए थे! एक बार अपने एक लेख में खुद अरविंद त्रिवेदी ने लिखा था मेरी पहचान में मेरे किरदार रावण की भूमिका अहम थी उसी की वजह से मुझे लोकसभा के सदस्य बनने का मौका मिला और मेरे लोकसभा सदस्य बनने पर मेरे मित्र राजेश खन्ना ने बहुत मजेदार टिप्पणी की थी कि भारतीय जनता पार्टी ने राम के नाम पर चुनाव लड़ा और रावण को लोकसभा का टिकट दिया